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इन चीजों को रातभर भिगोकर खाएं, कई बीमारियों से रहेंगे दूर

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इन चीजों को रातभर भिगोकर खाएं , कई बीमारियों से रहेंगे दूर   *1. मेथीदाना :-* इ नमें फाइबर्स भरपूर मात्रा में होते हैं जो कब्ज को दूर कर आंतों को साफ रखने में मदद करते हैं। डायबिटीज के रोगियों के लिए भी मेथीदाने फायदेमंद हैं। साथ ही इनका सेवन महिलाओं में पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द को भी कम करता हैं।     *2. खसखस :-* ये फोलेट , थियामिन और पैंटोथेनिक एसिड का अच्छा सोर्स होता हैं। इसमें मौजूद विटामिन बी मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है जिससे वजन को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।     *3. मुनक्का :-* इसमें मैग्नीशियम , पोटेशियम और आयरन काफी मात्रा में होते हैं। मुनक्के का नियमित सेवन कैंसर कोशिकाओं में बढ़ोतरी को रोकता है। इससे हमारी स्किन भी हेल्दी और चमकदार रहती है। एनीमिया और किडनी स्टोन के मरीजों के लिए भी मुनक्का फायदेमंद है।    *4. काले चने :-* इनमें फाइबर्स और प्रोटीन की पर्याप्त मात्रा होती हैं जो कब्...

पतले दस्त

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पतले दस्त   * ( क ) अमरूद ( वीही )- के जड़ की छाल तथा कोमल पत्तों को ६० ग्राम लेकर उसका काढ़ा बना ले , उसे पीने से पतले दस्त बंद हो जाते हैं। * *( ख ) अशोक के फूल ४० ग्राम पीसकर पीने से पतले दस्त बंद हो जाते हैं। * * ( ग ) भुनी अजवाइन का अर्क पीने से पतले दस्त बंद हो जाते हैं। * *( घ ) गूलर का दूध बतासा में डालकर बच्चों को देने से उनका आँव ( मल ) दस्त बंद हो जाता है। * *( ङ ) गाय के कच्चे दूध में कागजी नीबू निचोड़कर पीने से आँव ( मल ) दस्त चला जाता है , परंतु नीबू निचोड़कर तुरंत पी जाना चाहिये। दूध पेट में जाकर फटना चाहिये , देर होनेपर जम जायगा। * *( च ) धवई के फूल मट्ठे के साथ सेवन करने से पतले दस्त बंद हो जाते हैं। विशेष > 1 आप को दी गई  जानकारी सही है  2 आप अपने शरीर के हिसाब से खुराख ले  3 अन्य किसी की सहला भी ले सकते है  4 अपने विवेक से उपचार करे  5  आप   उपचार करने से पहले अपने परिचित व अनुभवी   वैध से...

सांस फूलना घरेलू उपचार

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सांस फूलना घरेलू उपचार   * जिन की सांस फूलती हो   उनके लिए अंजीर अमृत के समान है क्योंकि अंजीर छाती में जमी बलगम और सारी गंदगी को बाहर निकाल देती है। जिससे सांस नली साफ़ हो जाती है और सुचारू रूप से कार्य करती है। इसके लिए आप तीन अंजीर गरम पानी से धोकर रात को एक बर्तन में भिगोकर रख दीजिये और सुबह खाली पेट नाश्ते से पहले उन अंजीरों को खूब चबाकर खा लीजिये। उसके बाद वह पानी भी पी लें | इस का प्रयोग लगातार एक महीने तक कीजिये। इसके प्रयोग से फर्क आपको खुद ही महसूस होने लगेगा। *   * तुलसी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढाती है और श्वसन तंत्र पर बाहरी प्रदूषण और एलर्जी के हमले से रक्षा करने में समर्थ है। इसलिए जिनको भी सांस फूलने की या दमा की शिकायत हो उन लोगो को तुलसी से बने इस काढ़े का इस्तेमाल अवश्य ही करना चाहिए। इसके लिए आधा कप पानी में 5 तुलसी की पत्ती , एक चुटकी सौंठ पाउडर , काला नमक और काली मिर्च डालकर उबाल ले। ...